16 लाख रुपयों के लिए कंपाउंडर के साथ किया ये काम, महज 12 घंटो में ही पता चल गया

मुज़फ़्फ़रपुर पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है.महज 12 घंटो के अंदर हत्याकांड का उतभेदन कर लिया गया है. साथ ही 4 अभियुक्तों को भी गिरफ्तार कर लिया गया है. पैसों के लेनदेन को लेकर कंपाउंडर शैलेन्द्र की हत्या की गई थी. मुखियापति जय घनश्याम पटेल ही हत्या का मुख्य साजिशकर्ता था. दरअसल, अनिता नाम की एक महिला ने मुखियापति जय घनश्याम पटेल को शराब के कारोबार के लिए 16 लाख रुपया दिया था. लेकिन शराब की पहली खेप ही पुलिस के द्वारा बरामद कर लिया गया. जिस कारण मुखियापति की कमर टूट गई.
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वहीं अनिता के द्वारा बार बार पैसा मांगा जा रहा था. बीच के मध्यस्थता डॉ सहाब ही थे. उनके द्वारा भी मुखियापति पर पैसा वापस करने का दबाव दिया गया. अंततः मुखियापति ने अपने साला पंकज के साथ मिलकर हत्या की सुपारी दी. जिसमे लाल बाबू साह लाइनर का काम किया. अहियापुर के मुकेश कुमार को 3 लाख में सुपारी दी गई. मुकेश क्लिनिक पर जा कर हत्या को अंजाम दिया. एसएसपी मनोज कुमार ने त्वरित कार्यवाई करते हुए टीम गठित किया.टीम के द्वारा कई तरीकों से छानबीन शुरू की गई.महज 12 घंटो में सभी अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया.साथ ही हत्या में प्रयोग मोटरसायकिल समेत 6 मोबाइल भी जब्त कर लिया.

जानिए क्या था पूरा मामला
गत शनिवार अहियापुर में अपराधियो ने कंपाउंडर को गोली मार दिया था. अस्पताल में इलाज़ के क्रम में उसकी मौत हो गई.अहियापुर थाना क्षेत्र के बराजगरनाथ के समीप शनिवार की सुबह लगभग 11 बजे अपराधियो ने श्री साई डाईविटीज केयर सेंटर में घुस कर कम्पाउण्डर शैलेन्द्र सिंह को गोलीयो से भून दिया था. फायरिंग करते हुए बखरी के तरफ भाग गए थे.स्थानीय लोगो के द्वारा घायल शैलेन्द्र को आनन फानन में इलाज के लिए एसकेएमसीएच ले जाया गया. जहा इलाज़ के दौरान कम्पाउण्डर शैलेन्द्र की मौत हो गयी. मौके से पुलिस ने दो खोखा और एक जिंदा कारतूस बरामद की है.