बहन के आशिक के इस शरारत से नाराज था भाई, और फिर उठाया ऐसा कदम, जानिये क्या था मामला

हरदोई : शाहाबाद कोतवाली क्षेत्र में दौलतपुर गंगादास रेलवे क्रासिंग के पास हत्या के बाद युवक का शव फेंके जाने की घटना का पुलिस ने बुधवार को खुलासा कर दिया। पुलिस ने युवक की प्रेमिका के पिता, चाचा और दो सगे भाइयों को गिरफ्तार कर लिया है। जबकि एक आरोपी फरार है। 
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शाहाबाद कस्बे के मोहल्ला अल्हापुर सैदीखेल निवासी हेमंत कुमार मिश्रा (21) पुत्र विमल किशोर मिश्रा का शव एक जुलाई को सुबह लखनऊ-दिल्ली रेलवे ट्रैक पर दौलतपुर गंगादास के पास मिला था। शव के दोनों हाथ अंगोछे से बंधे हुए थे। विमल किशोर ने प्रेम प्रसंग में हेमंत की हत्या करने का आरोप लगाया था। उन्होंने प्रेमिका के पिता, चाचा और भाइयों के विरुद्ध तहरीर दी थी।
 
30 अप्रैल को अपनी प्रेमिका के साथ घर से चला गया था हेमंत
तहरीर के आधार पर पुलिस न किशोरी के पिता दिनेश राठौर, चाचा सुरेश राठौर, सगे भाइयों विवेक और अभिषेक के अलावा चचेरे भाई रजनीश पुत्र सुरेश को नामजद करते हुए सात लोगों पर रिपोर्ट दर्ज की गई थी। पुलिस ने शव के पास से मिले मोबाइल से घटना की तय तक पहुंचने की प्रयाश एएसपी पश्चिमी त्रिगुण विसेन के नेतृत्व में प्रारम्भ की थी।
बुधवार को अपने कार्यालय में एसपी आलोक प्रियदर्शी ने घटना का खुलासा करते हुए बताया है कि घटना को पांचों नामजद आरोपियों ने मिलकर अंजाम दिया था। पुलिस ने दिनेश, सुरेश, विवेक और अभिषेक को गिरफ्तार कर लिया है। जबकि रजनीश फरार है। हेमंत 30 अप्रैल को अपनी प्रेमिका के साथ घर से चला गया था।

बहन की फोटो फेसबुक पर पोस्ट होने से चढ़ गया था पारा 
बाद में पुलिस ने नौ मई को किशोरी को बरामद कर लिया था। लेकिन हेमंत तब से वापस शाहाबाद नहीं आया। हेमंत के विरुद्ध 15 मई को फिर से पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज की। न्यायालय में दिए गए बयान में किशोरी ने हेमंत पर कोई आरोप नहीं लगाए। लेकिन नाबालिग होने के कारण उसे पिता को सौंप दिया गया।
30 जून की शाम बातचीत के बहाने विवेक और अभिषेक ने हेमंत को आंझी रेलवे स्टेशन पर बुलाया। यहां से कुछ दूर दौलतपुर गंगादास के पास ले जाकर उसके दोनों हाथ बांध दिए और इसी दौरान सुरेश, दिनेश और रजनीश भी आ गए। हेमंत के सिर पर डंडों से वार कर उसकी हत्या करने के बाद शव रेलवे ट्रैक पर डाल दिया। एसपी ने बताया है कि लाठी और डंडे भी पुलिस ने बरामद कर लिए हैं। 
एसपी आलोक प्रियदर्शी ने बताया है कि पूछताछ के दौरान आरोपियों ने बताया है कि 30 जून को दोपहर में हेमंत ने अपनी प्रेमिका की फोटो फेसबुक पेज पर पोस्ट की थी। इस पर विवेक और अभिषेक ने नाराजगी जताते हुए हेमंत को फोन किया था। हेमंत ने शाम को फोन कर विवेक को बताया कि फेसबुक से किशोरी की फोटो हटा दी है। इसके बाद उसे सुनियोजित ढंग से बुलाकर हत्या कर दी गई।